PM किसान सम्मान निधि Scheme : 2000 रुंपये के इंतजार में बैठे हैं 1.35 करोड़ आवेदक क्योंकि…

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नई दिल्ली. आवेदन करने के बावजूद देश के 1.35 करोड़ किसानों को अब तक PM  किसान सम्मान निधि Scheme  का लाभ नहीं मिल सका है. किसी न किसी रिकॉर्ड में गड़बड़ी की वजह से उनका Verification नहीं हो पाया है. इस योजना में जगह-जगह हो रहे फर्जीवाड़ा को देखते हुए सरकार इस कोशिश में जुटी है

कि फर्जी लोगों को इसका लाभ न मिले और जो सही मायने में किसान हैं उन्हें हर हाल में पैसा मिले. ऐसे में जिस भी आवेदक के Record में कोई गड़बड़ी है उसका ढंग से सत्यापन किया जा रहा है. यह संख्या कुल आवेदन की 10.6 फीसदी है.

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मोदी सरकार ने इस Scheme   के तहत सभी 14.5 करोड़ किसानों को सालाना 6000 रुपये देने का एलान किया हुआ है. इसके लिए अब तक कुल 11 करोड़ 3 4 लाख वैध आवेदन आए हैं. यूपी में सबसे ज्यादा 35,38,082 किसानों का सत्यापन पेंडिंग है. इस मामले में दूसरे नंबर पर महाराष्ट्र है जहां 7,92,584 किसानों का Record वेरिफाई नहीं हुआ है. तीसरे स्थान पर मध्य प्रदेश है जहां 7,36,292 किसान इंतजार कर रहे हैं कि उनका डाटा चेक करके पैसे दिए जाएं.

ऐसे फर्जीवाड़े की वजह से बढ़ रही है सख्ती: सितंबर महीने में ही पता चला कि तमिलनाडु में इस Scheme  में सबसे बड़ा घोटाला हुआ. सौ करोड़ रुपये से अधिक रकम अवैध रूप से निकाल ली गई. इसमें अब तक 96 कांट्रैक्ट कर्मचारियों की सेवाएं समाप्त कर दी गईं हैं.

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34 अधिकारियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई शुरू की गई है. 13 जिलों में एफआईआर दर्ज करके 52 लोगों को गिरफ्तार किया गया है. UP  के बाराबंकी जिले में बड़ा घोटाला हुआ है. ढाई लाख अपात्रों को पैसा मिल गया है.

प्रशासन ने धनराशि वापसी का अभियान शुरू किया है. सितंबर में ही गाजीपुर में इसी तरह का मामला सामने आया. बताया गया है कि यहां भी 1.5 लाख फर्जी किसानों (Farmers) 1.5 लाख के नाम डिलीट किए गए हैं. वेरीफिकेशन करवाकर अपात्रों से रिकवरी की कोशिश जारी है.

आपकी एक गलती से रुक जाएगा पैसा: पीएम किसान स्कीम के आवेदनकर्ताओं के नाम और बैंक अकाउंट नंबर में गड़बड़ी है.Bank  अकाउंट और अन्य कागजातों में नाम की स्पेलिंग भिन्न है. जिसकी वजह से स्कीम का ऑटोमेटिक सिस्टम उसे पास नहीं करता. कई जिले ऐसे हैं जहां पर सवा-सवा लाख किसानों का डेटा वेरीफिकेशन के लिए पेंडिंग है. जब राज्य सरकार किसान के डाटा को वेरीफाई करके केंद्र को भेजती है तब जाकर किसान को पैसा मिलता है.

ऐसे ठीक कर सकते हैं गलती:

अगर आप फर्जी किसान नहीं हैं तो सबसे पहले PM-Kisan Scheme की ऑफिशियल वेबसाइट पर जाएं. इसके फार्मर कॉर्नर के अंदर जाकर Edit Aadhaar Details ऑप्शन पर क्लिक करें. आपको यहां पर अपना आधार नंबर दर्ज करना होगा. इसके बाद एक कैप्चा कोड डालकर सबमिट करें.

जैसा कि नीचे दिखाया गया है. अगर आपका केवल नाम गलत होता है यानी कि अप्लीकेशन और आधार में जो आपका नाम है दोनों अलग-अलग है तो आप इसे ऑनलाइन ठीक कर सकते हैं. अगर कोई और गलती है तो इसे आप अपने लेखपाल और कृषि विभाग कार्यालय में संपर्क करें.

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