हाई कोर्ट का बड़ा फैसला: पिता के निधन के बाद तलाक पर पेंशन का लाभ नहीं!

ब्रेकिंग न्यूज: त्रिपुरा हाई कोर्ट का महत्वपूर्ण फैसला

अगरतला। 7 अप्रैल 2026। त्रिपुरा हाई कोर्ट ने परिवार पेंशन से संबंधित एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। उच्च न्यायालय ने तलाकशुदा बेटी की याचिका पर सुनवाई करते हुए स्पष्ट किया है कि यदि किसी शादीशुदा बेटी का विवाह उसके पेंशनभोगी पिता की मृत्यु के समय बना हुआ है, तो वह परिवार पेंशन की प्राप्ति की हकदार नहीं होगी। कोर्ट ने अपने निर्णय में कहा है कि पेंशन का अधिकार और पात्रता पेंशनभोगी पिता की मृत्यु के समय ही निर्धारित होती है।

मामला क्या है?

इस मामले की पृष्ठभूमि में याचिकाकर्ता का पिता, जो अगरतला नगर निगम से 2004 में रिटायर हुए थे, का 2018 में निधन हो गया। उस समय याचिकाकर्ता विवाहिता थी, लेकिन वह अपने पति से अलग रह रही थी। 2021 में परिवार न्यायालय ने तलाक का डिक्री पारित किया। याचिकाकर्ता ने अपने पिता की पेंशन पर दावा करते हुए आवेदन किया, लेकिन अधिकारियों ने इसे खारिज कर दिया। इसके बाद उन्होंने नगर निगम के फैसले को चुनौती देते हुए हाई कोर्ट में याचिका दायर की। उन्होंने कोर्ट को बताया कि उन्होंने लंबे समय से अपने पति से अलग रहकर अपने पिता के साथ जीवन व्यतीत किया और इस कारण उन्हें पेंशन का लाभ मिलना चाहिए।

हाई कोर्ट का निर्णय

त्रिपुरा हाई कोर्ट ने कहा कि त्रिपुरा राज्य सिविल सेवा (संशोधित पेंशन) नियम, 2017 के नियम 8 का हवाला देते हुए यह स्पष्ट किया कि पारिवारिक पेंशन का अधिकार पेंशनभोगी की मृत्यु के समय ही तय होता है। कोर्ट ने याचिकाकर्ता की मौजूदा वैवाहिक स्थिति को महत्वपूर्ण माना और कहा कि पेंशन की पात्रता का निर्धारण आर्थिक निर्भरता के बजाय वैवाहिक स्थिति के आधार पर किया जाता है। निर्णय के अनुसार, पेंशनभोगी पिता की मृत्यु के समय याचिकाकर्ता वैवाहिक स्थिति में थीं लेकिन वह अपने पति से अलग रह रही थीं, तथा उस समय कानूनी रूप से तलाक नहीं हुआ था। इसलिए, न्यायालय ने याचिका को अस्वीकृत कर दिया है।

निष्कर्ष

त्रिपुरा हाई कोर्ट का यह निर्णय दावेदारों के लिए महत्वपूर्ण पाठ पढ़ाता है कि पेंशन की पात्रता केवल आर्थिक निर्भरता पर नहीं, बल्कि व्यक्ति की वैवाहिक स्थिति पर निर्भर करती है। यह फैसला परिवार पेंशन के मामलों में प्रासंगिकता बनाए रखता है और भविष्य में ऐसी स्थितियों में न्यायालय की भूमिका को स्पष्ट करता है। ऐसी घटनाएँ परिवारों के बीच विवादों को बढ़ा सकती हैं, इसलिए उचित जानकारी और जागरूकता आवश्यक है।

📲 इस खबर को तुरंत शेयर करें

🚨 ताजा खबर सबसे पहले पाएं!

WhatsApp से भी तेज अपडेट के लिए अभी Telegram जॉइन करें

👉 Join Telegram Channel
WP Twitter Auto Publish Powered By : XYZScripts.com