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शिक्षा को सशक्त और समावेशी बनाने सरपंच की पहल: पटपरपाली संकुल में हुआ शाला प्रवेश उत्सव को लेकर संवाद

पटपरपाली (कोमाखान)। छत्तीसगढ़ में आगामी 16 जून से शुरू हो रहे नए शैक्षणिक सत्र और मुख्यमंत्री शिक्षा गुणवत्ता अभियान के मद्देनज़र ग्राम पंचायत पटपरपाली में शनिवार को एक अहम बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक का उद्देश्य पंचायत क्षेत्र के सभी स्कूलों में शत-प्रतिशत नामांकन, शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार और शाला प्रवेश उत्सव की तैयारी को लेकर समन्वय बनाना था।

बैठक की अध्यक्षता सरपंच श्रीमती लता कमलेश टाण्डेय ने की, वहीं संकुल प्रभारी राधेश्याम निराला विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। बैठक में पटपरपाली संकुल के विभिन्न प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षक, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, पंचायत प्रतिनिधि और ग्रामीणजन शामिल हुए।

शिक्षा अधिकार अधिनियम को लागू करना हम सभी की जिम्मेदारी – सरपंच

बैठक में सरपंच श्रीमती लता टाण्डेय ने कहा कि शिक्षा को पंचायत की प्राथमिकता सूची में शीर्ष स्थान दिया गया है। उन्होंने कहा, “बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देना केवल शिक्षकों की ही नहीं, पूरे समाज की जिम्मेदारी है। पंचायत इस वर्ष मेरिट में आने वाले छात्र-छात्राओं को पुरस्कृत करेगी और वार्ड स्तर पर हर बच्चे का नामांकन सुनिश्चित किया जाएगा।”

गांव में शिक्षकीय ढांचे और सुविधाओं पर भी हुई चर्चा

बैठक में उपस्थित शिक्षकों – फिरोज सिंह ठाकुर, श्रीमती सुलन चन्द्राकर, पूनम निषाद और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं – मीना साहू, गमला यादव व चंपी साहू – ने शिक्षा व्यवस्था से जुड़ी समस्याएं, सुविधाओं की कमी और बच्चों के स्कूल न आने के कारणों पर विस्तार से चर्चा की।

सोसायटी अध्यक्ष कमलेश कुमार टाण्डेय ने चिंता जताई कि किसान परिवारों में बच्चों से खेतों में काम करवाने की प्रवृत्ति शैक्षणिक पिछड़ापन बढ़ा रही है। उन्होंने राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 का हवाला देते हुए कहा कि “कक्षा 12वीं तक शाला त्याग दर को शून्य करना लक्ष्य है, जिसे पूरा करने में सभी की भागीदारी आवश्यक है।”

जनप्रतिनिधियों की गैर-राजनैतिक सहभागिता की अपील

संकुल प्रभारी राधेश्याम निराला और ग्राम प्रमुख शिव उपाध्याय ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में बदलाव लाने के लिए सभी जनप्रतिनिधियों को राजनैतिक भेदभाव से ऊपर उठकर सामाजिक दायित्व निभाने होंगे। उन्होंने बैठक में उपस्थित सभी पंचायत सदस्यों से शाला प्रवेश उत्सव में निजी रूप से भाग लेकर जागरूकता अभियान चलाने की अपील की।

बैठक में ये रहे उपस्थित

इस बैठक में पंचायत सचिव बेदनाथ देवांगन ने सभी अतिथियों का आभार प्रकट किया। प्रमुख रूप से उपसरपंच चैतराम साहू, पंचगण – हवन्त साहू, हेमलता साहू, मुकेश गुप्ता, रामचंद्र यादव, कल्पना तिवारी, धानबाई साहू, कान्तिबाई साहू, मोहन साहू, सुरित साहू, मनोज चंद्राकर, राजू तिवारी, मनोज साहू, तथा महिला प्रतिनिधि – प्रेमलता साहू, सावित्री साहू, किरण साहू, लता साहू, ऋतु साहू, सहित भीम साहू, बालकुमार साहू व अन्य ग्रामीणजन व पालकगण बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

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