ताजा खबर: सोने की कीमतों में तेजी, निवेशकों में बढ़ी उत्सुकता
आज, 20 अप्रैल 2026, को भारतीय सर्राफा बाजार में सोने की कीमतों में जबरदस्त तेजी देखने को मिली है। ईरान और अमेरिका के बीच चल रहे भू-राजनीतिक तनाव के कारण वैश्विक बाजारों में भी सोने की कीमतों में उथल-पुथल जारी है। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर आज सुबह 24 कैरेट सोने का वायदा भाव बढ़कर 1,54,605 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया। पिछले कारोबारी दिन यह कीमत 1,53,152 रुपये थी। आम खरीदारों के लिए यह अच्छी खबर है कि सोने की कीमत अभी भी अपने उच्चतम स्तर (1,80,779 रुपये) से काफी नीचे है।
MCX पर सोने का वर्तमान मूल्य और बाजार की स्थिति
आज वायदा बाजार (MCX) में सोने की कीमत में मजबूती आई है। जून डिलीवरी वाला गोल्ड कॉन्ट्रैक्ट इस समय बेहतर कारोबारी स्थिति में है। बाजार के विशेषज्ञों के अनुसार, अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनिश्चितता को देखते हुए निवेशक सोने को सुरक्षित निवेश के रूप में देख रहे हैं, जिससे कीमतों को समर्थन मिल रहा है। विदेशी बाजारों में हाजिर सोना 4,786.90 डॉलर प्रति औंस पर बना हुआ है, जो कि स्थिरता का संकेत देता है।
IBJA के अनुसार सोने के विभिन्न रेट
इंडियन बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) के आंकड़ों के अनुसार, बाजार में भी रौनक सा माहौल है। विभिन्न शुद्धता के अनुसार सोने के रेट निम्नलिखित हैं:
- 24 कैरेट सोना: 1,51,655 रुपये प्रति 10 ग्राम
- 23 कैरेट सोना: 1,51,048 रुपये प्रति 10 ग्राम
- 22 कैरेट (ज्वेलरी के लिए): 1,38,916 रुपये प्रति 10 ग्राम
- 18 कैरेट सोना: 1,13,741 रुपये प्रति 10 ग्राम
- 14 कैरेट सोना: 88,718 रुपये प्रति 10 ग्राम
(नोट: इन रेट्स पर जीएसटी और मेकिंग चार्ज अलग से लागू होते हैं।)
प्रमुख शहरों में सोने की कीमतों का आकलन
भिन्न-भिन्न शहरों में 24K और 22K सोने के रिटेल भाव में भी मामूली अंतर देखने को मिला है:
- दिल्ली: 24 कैरेट सोना 1,55,930 रुपये, 22 कैरेट 1,42,950 रुपये प्रति 10 ग्राम।
- मुंबई और कोलकाता: 24K गोल्ड 1,55,780 रुपये, 22K गोल्ड 1,42,800 रुपये।
- चेन्नई: 24K सोना 1,56,660 रुपये, 22K सोना 1,43,600 रुपये।
- पटना: 24K का भाव 1,55,830 रुपये, रायपुर में 1,55,780 रुपये प्रति 10 ग्राम दर्ज किया गया है।
एक्सपर्ट्स की राय
मार्केट एक्सपर्ट्स का मानना है कि वैश्विक तनाव के कारण बाजार में सतर्कता बनी हुई है। न्यूज एजेंसी पीटीआई-भाषा के अनुसार, एलकेपी सिक्योरिटीज के विशेषज्ञ जतिन त्रिवेदी ने कहा कि युद्धविराम समझौतों के संदर्भ में निवेशकों में सावधानी देखी जा रही है, जिससे कीमतों में सीमित उतार-चढ़ाव नजर आ रहा है। वहीं, जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के हरीश वी का कहना है कि डॉलर में कमजोरी और अमेरिका-ईरान के बीच संभावित समझौते की आशा से बाजार में कुछ स्थिरता आई है, जिससे कीमतों को सहारा मिला है।
निष्कर्ष
सोने की बढ़ती कीमतें विस्तृत आर्थिक और राजनीतिक हालातों का परिणाम हैं। निवेशकों को सोने को सुरक्षित निवेश के रूप में देखना चाहिए, खासकर इस वैश्विक अनिश्चितता के समय में। ऐसे में बाजार की स्थिरता बनाए रखने और बाजार के संकेतों पर ध्यान देने की आवश्यकता है।




