BREAKING 🔴 छत्तीसगढ़ में बड़ी खबर – नई योजना लागू | 🟡 खेल: भारत की शानदार जीत | 🔵 मनोरंजन: नई फिल्म रिलीज | 🟢 WebMorcha पर पढ़ें ताजा खबरें

बड़ी राहत: शराब घोटाला प्रकरण में चैतन्य बघेल को हाईकोर्ट से जमानत

रायपुर। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाले में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पुत्र चैतन्य बघेल को हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। प्रवर्तन निदेशालय (ED) और आर्थिक अपराध अन्वेषण शाखा (EOW) से जुड़े मामलों में सुनवाई के बाद अदालत ने उनकी जमानत याचिका मंजूर कर ली है। करीब 168 दिनों तक न्यायिक हिरासत में रहने के बाद अब उनके जेल से बाहर आने का रास्ता साफ हो गया है।

29,800 पन्नों की चार्जशीट दाखिल

शराब घोटाला मामले में ईडी ने 26 दिसंबर को अदालत में लगभग 29,800 पृष्ठों की अंतिम चार्जशीट प्रस्तुत की थी। यह कार्रवाई सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के तहत की गई, जिसमें कुल 82 आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया गया है।

जन्मदिन के दिन हुई थी गिरफ्तारी

ईडी ने चैतन्य बघेल को 18 जुलाई को उनके जन्मदिन के दिन भिलाई स्थित निवास से गिरफ्तार किया था। यह गिरफ्तारी धन शोधन निवारण अधिनियम (PMLA), 2002 के अंतर्गत की गई थी। जांच एजेंसी ने यह कार्रवाई एसीबी/ईओडब्ल्यू रायपुर द्वारा दर्ज एफआईआर के आधार पर शुरू की थी, जो भारतीय दंड संहिता और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 से जुड़ी धाराओं में दर्ज है।

जांच में 2,500 करोड़ रुपये से अधिक की अवैध कमाई का दावा

प्रवर्तन निदेशालय की प्रारंभिक जांच में दावा किया गया है कि इस कथित घोटाले के कारण राज्य सरकार को भारी राजस्व नुकसान हुआ। एजेंसी के अनुसार, लगभग 2,500 करोड़ रुपये से अधिक की अवैध आय शराब कारोबार से जुड़े लाभार्थियों तक पहुंचाई गई।

क्या है छत्तीसगढ़ शराब घोटाला?

छत्तीसगढ़ शराब घोटाले की जांच वर्तमान में ईडी कर रही है। एसीबी में दर्ज एफआईआर में 3,200 करोड़ रुपये से अधिक के कथित घोटाले का उल्लेख किया गया है। इस मामले में राजनेताओं, आबकारी विभाग के अधिकारियों और निजी कारोबारियों के खिलाफ नामजद आरोप लगाए गए हैं। जांच एजेंसियों के अनुसार, तत्कालीन सरकार के कार्यकाल में एक संगठित सिंडिकेट के माध्यम से कथित रूप से अनियमितताएं की गईं।

अब तक कई बड़े नामों की हो चुकी है गिरफ्तारी

इस मामले में अब तक कई प्रभावशाली लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इनमें पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा, चैतन्य बघेल, पूर्व आईएएस अधिकारी अनिल टुटेजा, कारोबारी अनवर ढेबर और सौम्य चौरसिया शामिल हैं। इसके अलावा आबकारी विभाग के 28 अधिकारियों को भी आरोपी बनाया गया था, जिन्हें सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिल चुकी है।

🙏 WebMorcha को सपोर्ट करें

आपका छोटा सहयोग बड़ी पत्रकारिता

💰 अपनी पसंद से सहयोग करें
📲 इस खबर को तुरंत शेयर करें

🚨 ताजा खबर सबसे पहले पाएं!

WhatsApp से भी तेज अपडेट के लिए अभी Telegram जॉइन करें

👉 Join Telegram Channel
WP Twitter Auto Publish Powered By : XYZScripts.com