Homeछत्तीसगढ़छह साल के नौनिहाल सीख रहे कमाई का हुनर, देवरी स्कूल का...

छह साल के नौनिहाल सीख रहे कमाई का हुनर, देवरी स्कूल का शिक्षा में अनोखा नवाचार

दिलीप शर्मा. महासमुंद/बागबाहरा। शिक्षा केवल किताबों तक सीमित नहीं है, बल्कि बच्चों को जीवन के जरूरी कौशल से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। बागबाहरा ब्लॉक के ग्राम देवरी स्थित स्कूल में शिक्षा का ऐसा ही हटकर और प्रेरणादायक नवाचार देखने को मिला है। यहां महज 6 वर्ष की उम्र के बच्चे पढ़ाई के साथ मशरूम उत्पादन, उसके रखरखाव, पैकेजिंग और बिक्री का व्यावहारिक ज्ञान हासिल कर रहे हैं।

इस नवाचार की खास बात यह है कि बच्चों को छोटी उम्र से ही मेहनत, उत्पादन और बचत की समझ विकसित करने का अवसर मिल रहा है। स्कूल की इस पहल के तहत बच्चों ने कुछ ही महीनों में अपना स्कूल बैंक पासबुक भी खोल लिया है। मशरूम उत्पादन से होने वाली आय को बच्चों की बचत से जोड़कर उन्हें आर्थिक अनुशासन और आत्मनिर्भरता का पाठ पढ़ाया जा रहा है।

सेवा सेतु शिविर में दिखा बच्चों का हुनर

ग्राम पंचायत देवरी में मंगलवार को 25वें सेवा अभियान के अंतर्गत सेवा सेतु शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में शिक्षा विभाग की ओर से लगाए गए पंडाल में देवरी स्कूल के बच्चों के इस अनूठे नवाचार को प्रदर्शित किया गया। पंडाल में स्कूल के बच्चों द्वारा तैयार किए जा रहे मशरूम उत्पादन मॉडल को लोगों के सामने रखा गया। साथ ही स्कूल में उत्पादित मशरूम को बिक्री के लिए भी प्रदर्शित किया गया।

शिविर में पहुंचे लोगों ने बच्चों के इस प्रयास को उत्सुकता से देखा और उनके काम की सराहना की। बच्चों द्वारा मशरूम उत्पादन से लेकर उसके विक्रय तक की प्रक्रिया को समझाना इस नवाचार का खास आकर्षण रहा।

किताब के साथ जीवन का हुनर भी

स्कूल की यह पहल इस सोच पर आधारित है कि बच्चों को प्रारंभ से ही व्यवहारिक शिक्षा से जोड़ा जाए। मशरूम उत्पादन के माध्यम से बच्चे टीमवर्क, जिम्मेदारी, स्वच्छता, उत्पादन, बाजार और बचत जैसी कई महत्वपूर्ण बातें व्यवहारिक रूप से सीख रहे हैं।

स्कूल के इस प्रयास से बच्चों में ‘मैं भी कर सकता हूं’ का आत्मविश्वास विकसित हो रहा है। वहीं अभिभावकों और ग्रामीणों के बीच भी सरकारी स्कूल में होने वाले नवाचार को लेकर सकारात्मक संदेश पहुंच रहा है।

पांच साल के नौनिहाल सीख रहे कमाई का हुनर, देवरी स्कूल का शिक्षा में अनोखा नवाचार
पांच साल के नौनिहाल सीख रहे कमाई का हुनर, देवरी स्कूल का शिक्षा में अनोखा नवाचार

शिक्षकों की मेहनत से आकार ले रहा नवाचार

इस नवाचार में मशरूम प्रशिक्षक शिक्षक मधु कुमार साहू की महत्वपूर्ण भूमिका है, जबकि प्रधानपाठक बलराम चंद्राकर इसके संरक्षक के रूप में बच्चों को प्रोत्साहित कर रहे हैं। विद्यालय की टीम बच्चों को नियमित रूप से मशरूम उत्पादन की गतिविधियों से जोड़ रही है।

सेवा सेतु शिविर में इस पहल के दौरान ब्लॉक शिक्षा अधिकारी डीएन दीवान, प्राचार्य डोमन टंडन, बीआरसी मनोज चक्रधारी, लालजी साहू शिक्षक मीनालाल साहू, हुमेलाल साहू, नुतन चंद्राकर, कंचन जांगड़े और सत्यकुमार बरिहा सहित शिक्षा विभाग के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।

देवरी स्कूल का यह प्रयोग इस बात की मिसाल बन रहा है कि यदि बच्चों को किताबों के साथ व्यावहारिक अनुभव भी दिया जाए, तो छोटी उम्र में ही उनमें आत्मनिर्भरता, जिम्मेदारी और आर्थिक समझ की मजबूत नींव रखी जा सकती है।

RELATED ARTICLES

Most Popular

Recent Comments