ब्रेकिंग न्यूज़: बरेली में सड़क हादसे का खुलासा, किडनैपिंग केस में ली गई जानें
बरेली: बरेली पुलिस ने एक सड़क हादसे के दौरान एक चौंकाने वाले किडनैपिंग मामले का खुलासा किया है। बड़ा बाईपास पर हुए इस दुर्घटना में तीन लोग मारे गए थे जो वास्तव में किडनैपर थे। घटना के पीछे की कहानी बेहद गंभीर है, जिसमें एक ऑटो ड्राइवर और उसके दो बच्चों को गुरुग्राम से अगवा किया गया था।
हादसे की संक्षिप्त जानकारी
बरेली के एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि रविवार शाम हुआ यह हादसा एक बोलेरो गाड़ी और सड़क किनारे खड़े टैंकर के बीच टकराव के कारण हुआ। इस दुर्घटना में मारे गए लोगों की पहचान फरीदपुर निवासी मनमोहन सिंह, पीलीभीत निवासी सिकंदर और रामपुर निवासी विशेष यादव के रूप में हुई है। बोलेरो का ड्राइवर प्रिंस यादव और दो छोटे बच्चे इस हादसे में घायल हो गए। प्रिंस की बेहोशी के बाद उसने किडनैपिंग की पूरी कहानी बताते हुए जानकारी दी।
किडनैपिंग का प्रेम प्रसंग से संबंध
पुलिस की जांच में यह सामने आया है कि इस किडनैपिंग के पीछे एक प्रेम प्रसंग का मामला है। मनमोहन और ऑटो ड्राइवर मनोज एक ही गाँव के रहने वाले हैं। मनमोहन का मनोज की मुंहबोली बेटी से प्रेम संबंध बन गया था, जिसके चलते मनोज ने इस रिश्ते से इनकार कर दिया था। बदला लेने के उद्देश्य से मनमोहन ने अपने दोस्तों के साथ मिलकर मनोज और उसके बच्चों का अपहरण करने की योजना बनाई।
किडनैपिंग के बाद की घटनाएँ
घटनाक्रम के अनुसार, प्रिंस ने बताया कि他们 ने मनोज और बच्चों को फरीदपुर में मनमोहन के घर पर ले जाकर बंधक बनाया था। मनमोहन के पिता ने सभी को मारने की सलाह दी थी, लेकिन बाकी आरोपियों ने इसे नहीं माना। उन्हें बच्चों को वापस गुरुग्राम छोड़ने का निर्णय लिया था, लेकिन इसी बीच उनकी गाड़ी हादसे का शिकार हो गई।
निष्कर्ष
बरेली पुलिस ने ऑटो ड्राइवर मनोज को सुरक्षित ढंग से रेस्क्यू कर लिया है, जबकि किडनैपर्स के खिलाफ कार्यवाही आगे बढ़ाई जा रही है। इस घटना ने समाज में एक बार फिर किडनैपिंग के गंभीर पहलू को उजागर किया है। पुलिस द्वारा आरोपियों की गिरफ्तारी और कानूनी प्रक्रिया जारी है, जिससे भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके। पुलिस ने आम जनता को सतर्क रहने की सलाह दी है ताकि इस तरह की घटनाओं को स्वीकार करने की कोई गुंजाइश न हो।
